मराठी कविता = बाल गीत
चालते कशी खारुताई , तुरु तुरु तुरु
खाते कशी खारुताई , चुरू चुरू चुरू
चढ़ते कशी झाडावर , सुरु सुरु सुरु ।
बोलते कशी कोकिला , कुहू कुहू कुहू
बोलतो कसा काऊ, काऊ काऊ काऊ
बोलतो कसा भू-भू , भू भू भू
हसत कस् बाल , खी खी खी
रडत कस् बाल , उई उई उई
चालत कस् बाळ तुरु तुरु तुरू
ढग कसे करतात, गड गड गड,
भू-भू कसा दूध पितो, फुर फुर फुर
बेदुक कस करत , daraw daraw daraw,
Lakkoodd kas kaptat, kar kar kar
Chendu kasa jaato , sui sui sui
kar kashi chalte, jhui jhui झुई.
डॉक्टर आशीष मनोहर उरकुडे
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